उत्तरकाण्ड
दोहा 18
6 पद
Chaupai1 / 6
सुनु सर्बग्य कृपा सुख सिंधो। दीन दयाकर आरत बंधो।।
मरती बेर नाथ मोहि बाली। गयउ तुम्हारेहि कोंछें घाली।।
हिन्दी अर्थ देखेंहिन्दी अर्थ
(अंगद ने कहा) सुनो सर्वज्ञ! कृपा-सुख-सिन्धु! दीन-दयाकर! आर्तबन्धु! मरते समय, हे नाथ! मुझे (पिता बालि ने आपको सौंपा)।
रोमन लिप्यंतरण देखेंरोमन लिप्यंतरण
sunu sarbagya kṛpā sukha siṃdho. dīna dayākara ārata baṃdho.
maratī bera na
अंग्रेज़ी अनुवाद देखेंअंग्रेज़ी अनुवाद
'Hear me, O all-knowing ocean of mercy and bliss, O compassionate Lord, friend of the distressed. Do not forsake me at the hour of death, O benefactor of devotees.'
Chaupai2 / 6
असरन सरन बिरदु संभारी। मोहि जनि तजहु भगत हितकारी।।
मोरें तुम्ह प्रभु गुर पितु माता। जाउँ कहाँ तजि पद जलजाता।।
हिन्दी अर्थ देखेंहिन्दी अर्थ
(अंगद ने कहा) शरण-दाता — यह बिरुद (उपाधि) सँभालकर — मुझे मत त्यागो, हे भक्तहितकारी! मेरे लिए आप ही प्रभु हो।
रोमन लिप्यंतरण देखेंरोमन लिप्यंतरण
asarana sarana biradu saṃbhārī. mohi jani tajahu bhagata hitakārī.
moreṃ tuma
अंग्रेज़ी अनुवाद देखेंअंग्रेज़ी अनुवाद
'Remembering Your vow to protect the shelterless, please do not abandon me. In You alone do I have faith.'
Chaupai3 / 6
तुम्हहि बिचारि कहहु नरनाहा। प्रभु तजि भवन काज मम काहा।।
बालक ग्यान बुद्धि बल हीना। राखहु सरन नाथ जन दीना।।
हिन्दी अर्थ देखेंहिन्दी अर्थ
(अंगद ने कहा) आप ही विचारकर कहें, हे नरनाह (राजा)! प्रभु को छोड़कर भवन (घर) जाकर मेरा क्या काम? बालक — ज्ञान-बुद्धि-हीन।
रोमन लिप्यंतरण देखेंरोमन लिप्यंतरण
tumhahi bicāri kahahu naranāhā. prabhu taji bhavana kāja mama kāhā.
bālaka
अंग्रेज़ी अनुवाद देखेंअंग्रेज़ी अनुवाद
'Consider and tell me, O King of men — of what use is a home without the Lord? Like a child who wants only his mother.'
Chaupai4 / 6
नीचि टहल गृह कै सब करिहउँ। पद पंकज बिलोकि भव तरिहउँ।।
अस कहि चरन परेउ प्रभु पाही। अब जनि नाथ कहहु गृह जाही।।
हिन्दी अर्थ देखेंहिन्दी अर्थ
(अंगद ने कहा) नीची-से-नीची सेवा — घर की सब करूँगा। चरण-कमल देखकर भवसागर तरूँगा। ऐसा कहकर चरणों पर गिर पड़े।
रोमन लिप्यंतरण देखेंरोमन लिप्यंतरण
nīci ṭahala gṛha kai saba karihauṃ. pada paṅkaja biloki bhava tarihauṃ.
asa kahi
अंग्रेज़ी अनुवाद देखेंअंग्रेज़ी अनुवाद
'I shall do the most menial service in the household and cross the ocean of existence by beholding Your lotus feet.' So saying, Angad fell at the Lord's feet.
Doha5 / 6
अंगद बचन बिनीत सुनि रघुपति करुना सींव।
प्रभु उठाइ उर लायउ सजल नयन राजीव।।18(क)।।
हिन्दी अर्थ देखेंहिन्दी अर्थ
अंगद के विनीत वचन सुनकर श्रीरघुपति — करुणा की सीमा — प्रभु ने उठाकर गले लगाया। सजल नेत्र, राजीव (कमल-सा मुख)।
रोमन लिप्यंतरण देखेंरोमन लिप्यंतरण
aṅgada bacana binīta suni raghupati karunā sīṃva.
prabhu uṭhāi ura lāyau saja
अंग्रेज़ी अनुवाद देखेंअंग्रेज़ी अनुवाद
Hearing Angad's humble words, Raghupati, the very limit of compassion, lifted him up and pressed him to His heart.
Doha6 / 6
निज उर माल बसन मनि बालितनय पहिराइ।
बिदा कीन्हि भगवान तब बहु प्रकार समुझाइ।।18(ख)।।