अयोध्याकाण्ड

दोहा 128

5 पद

Chaupai1 / 5
सुनि मुनि बचन प्रेम रस साने। सकुचि राम मन महुँ मुसुकाने।। बालमीकि हँसि कहहिं बहोरी। बानी मधुर अमिअ रस बोरी।।
हिन्दी अर्थ देखें
मुनि-वचन सुनकर — प्रेम-रस-साने (भीगे) — सकुचाकर राम मन में मुस्कुराए। वाल्मीकि हँसकर फिर कहते — मधुर वाणी — अमिअ (अमृत)-रस बोरी (डुबोई)।
रोमन लिप्यंतरण देखें
suni muni bacana prema rasa sāne. sakuci rāma mana mahuṃ musuikāne. bālamīki haṃsi kahahi
अंग्रेज़ी अनुवाद देखें
Hearing the sage's words steeped in the essence of love, Rama smiled inwardly. Valmiki laughed and spoke lovingly.
Chaupai2 / 5
सुनहु राम अब कहउँ निकेता। जहाँ बसहु सिय लखन समेता।। जिन्ह के श्रवन समुद्र समाना। कथा तुम्हारि सुभग सरि नाना।।
हिन्दी अर्थ देखें
(वाल्मीकि ने कहा) सुनो, राम! अब निकेत (निवास) कहता हूँ — जहाँ सीता-लक्ष्मण समेत बसो। जिनके श्रवण (कान) समुद्र-समान — तुम्हारी कथा — सुभग (सुन्दर) सरि (नदियाँ) नाना (अनेक)।
रोमन लिप्यंतरण देखें
sunahu rāma aba kahauṃ niketā. jahāṃ basahu siya lakhana sametā. jinha ke śravana samudra sa
अंग्रेज़ी अनुवाद देखें
'Now hear, O Rama, where You should dwell with Sita and Lakshmana. Those whose ears are like the ocean.'
Chaupai3 / 5
भरहिं निरंतर होहिं न पूरे। तिन्ह के हिय तुम्ह कहुँ गृह रूरे।। लोचन चातक जिन्ह करि राखे। रहहिं दरस जलधर अभिलाषे।।
हिन्दी अर्थ देखें
(वाल्मीकि ने कहा) (जो) निरन्तर भरते — पूरे नहीं होते — उनके हृदय तुम्हारे लिए रूरे (सुन्दर) गृह (घर)। लोचन (नेत्र) चातक (पपीहे) जिन्होंने बनाए — दर्शन-जलधर (बादल) अभिलाषी (चाहने वाले) रहते।
रोमन लिप्यंतरण देखें
bharahiṃ nirantara hohiṃ na pūre. tinha ke hiya tumha kahuṃ gṛha rūre. locana cātaka jina
अंग्रेज़ी अनुवाद देखें
'Ears that are constantly filled yet never full — in their hearts are beautiful homes for You. Eyes like chakora birds.'
Chaupai4 / 5
निदरहिं सरित सिंधु सर भारी। रूप बिंदु जल होहिं सुखारी।। तिन्ह के हृदय सदन सुखदायक। बसहु बंधु सिय सह रघुनायक।।
हिन्दी अर्थ देखें
(वाल्मीकि ने कहा) सरित (नदी)-सिन्धु (समुद्र)-सर (तालाब) भारी — निदरते (तुच्छ जानते)। रूप-बिन्दु (बूँद)-जल से सुखी होते। उनके हृदय — सुखदायक सदन (भवन)। बसो बन्धु (भाई)-सीता सह — रघुनायक!
रोमन लिप्यंतरण देखें
nidarahiṃ sarita siṃdhu sara bhārī. rūpa biṃdu jala hohiṃ sukhārī. tinha ke hṛdaya sadana sa
अंग्रेज़ी अनुवाद देखें
'Those who disdain rivers, oceans, and great lakes, and are refreshed by just a drop of Your beauty — in their hearts is Your home.'
Doha5 / 5
जसु तुम्हार मानस बिमल हंसिनि जीहा जासु। मुकुताहल गुन गन चुनइ राम बसहु हियँ तासु।।128।।
हिन्दी अर्थ देखें
(वाल्मीकि ने कहा) तुम्हारा यश — विमल (निर्मल) मानस (सरोवर)। हंसिनी (हंसनी) — जीहा (जीभ) जिसकी। मुक्ताहल (मोती) गुणगण (गुण-समूह) चुनती — राम! उसके हृदय में बसो।
रोमन लिप्यंतरण देखें
jasu tumhāra mānasa bimala haṃsini jīhā jāsu. mukutāhala guna gana cunai rāma basahu hiyaṃ
अंग्रेज़ी अनुवाद देखें
'Those whose tongues, like swans on the pure Manasa lake of Your fame, pick up the pearls of Your virtues — O Rama, dwell in their hearts.'

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