बालकाण्ड
दोहा 351
5 पद
Chaupai1 / 5
देव पितर पूजे बिधि नीकी। पूजीं सकल बासना जी की।।
सबहिं बंदि मागहिं बरदाना। भाइन्ह सहित राम कल्याना।।
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देव-पितर (पूर्वज) वेद-विधि से अच्छी तरह पूजे — जी (हृदय) की सकल वासना (इच्छा) पूजीं (पूरी कीं)। सबको वन्दन करके वरदान माँगते — भाइयों सहित राम कल्याण (माँगते)।
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The gods and ancestors were worshipped properly; every desire of the heart was fulfilled. Bowing to all, they asked for boons: the welfare of Rama together with his brothers.
Chaupai2 / 5
अंतरहित सुर आसिष देहीं। मुदित मातु अंचल भरि लेंहीं।।
भूपति बोलि बराती लीन्हे। जान बसन मनि भूषन दीन्हे।।
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अन्तर्हित (अदृश्य) होकर सुर (देवता) आशीष देते — मुदित (प्रसन्न) माताएँ आँचल भरकर लेतीं। भूपति (राजा) ने बारातियों को बुलाकर लिए — जान (वाहन), वसन (वस्त्र), मणि-भूषण (आभूषण) दिए।
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The gods gave blessings invisibly; the delighted mothers gathered them in their garment-ends. The king summoned all the wedding guests and gave them vehicles, garments, gems, and ornaments.
Chaupai3 / 5
आयसु पाइ राखि उर रामहि। मुदित गए सब निज निज धामहि।।
पुर नर नारि सकल पहिराए। घर घर बाजन लगे बधाए।।
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राम को उर (हृदय) में रखकर आज्ञा पाकर — मुदित (प्रसन्न) सब अपने-अपने धाम (घर) गए। पुर (नगर) नर-नारी सबको पहनाए (उपहार दिए)। घर-घर बधावे (शुभ बाजे) बजने लगे।
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Receiving permission and treasuring Rama in their hearts, all happily departed to their own homes. The king presented gifts to all the men and women of the city; celebrations resounded in every home.
Chaupai4 / 5
जाचक जन जाचहि जोइ जोई। प्रमुदित राउ देहिं सोइ सोई।।
सेवक सकल बजनिआ नाना। पूरन किए दान सनमाना।।
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याचकजन जो-जो माँगते — प्रमुदित (अत्यन्त प्रसन्न) राजा वही-वही देते। सेवक सकल — नाना बजनिया (बाजे वाले) — दान-सम्मान से पूर्ण किए।
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Whatever the supplicants asked for, the delighted king gave them that very thing. All the servants and attendants of every kind—all were fully honored with gifts.
Doha5 / 5
देंहिं असीस जोहारि सब गावहिं गुन गन गाथ।
तब गुर भूसुर सहित गृहँ गवनु कीन्ह नरनाथ।।351।।
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सब जोहारकर (अभिवादन करके) आशीष देते — गुण-गण-गाथा (यशोगान) गाते। तब गुरु-भूसुर (ब्राह्मण) सहित गृह (घर) — नरनाथ (राजा) ने गमन किया।
अंग्रेज़ी अनुवाद देखेंअंग्रेज़ी अनुवाद
All bowed and gave blessings, singing the glorious saga of his virtues. Then the king, together with the Brahmins and guru, returned to his palace.