Kishkindha Kanda

Sarga 11: Sugriva expatiates about the prowess of Vali -- narrates Dundubhi's challenge -- sage Matanga's curse on Vali -- Rama demonstrates his strength.

किष्किन्धाकाण्डम् · सर्ग 11

86 shlokas

ShlokaShloka 1
रामस्य वचनं श्रुत्वा हर्षपौरुषवर्धनम्। सुग्रीवः पूजयाञ्चक्रे राघवं प्रशशंस च4.11.1।।
हिन्दी अर्थ देखें
श्रीरामचन्द्रजी का वचन हर्ष और पुरुषार्थ को बढ़ाने वाला था, उसे सुनकर सुग्रीव ने उसके प्रति अपना आदर प्रकट किया और श्रीरघुनाथजी की इस प्रकार प्रशंसा की—
Show English Translation
The words of Rama boosted Sugriva's joy and manliness. He offered him prayers and praise:
ShlokaShloka 2
असंशयं प्रज्वलितैस्तीक्ष्णैर्मर्मातिगैश्शरैः। त्वं दहेः कुपितो लोकान्युगान्त इव भास्करः4.11.2।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘प्रभो! आपके बाण प्रज्वलित, तीक्ष्ण एवं मर्मभेदी हैं। यदि आप कुपित हो जायँ तो इनके द्वारा प्रलयकाल के सूर्य की भाँति समस्त लोकों को भस्म कर सकते हैं। इसमें संशय की बात नहीं है
Show English Translation
'There is no doubt that your sharp, blazing arrows will pierce through the vital parts of the body once you are angry, just as the Sungod burns all worlds at the end of the Yuga.
ShlokaShloka 3
वालिनः पौरुषं यत्तद्यच्च वीर्यं धृतिश्च या। तन्ममैकमनाश्श्रुत्वा विधत्स्व यदनन्तरम्4.11.3।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘परंतु वाली का जैसा पुरुषार्थ है, जो बल है और जैसा धैर्य है, वह सब एकचित्त होकर सुन लीजिये। उसके बाद जैसा उचित हो, कीजियेगा
Show English Translation
ShlokaShloka 4
समुद्रात्पश्चिमात्पूर्वं दक्षिणादपि चोत्तरम्। क्रामत्यनुदिते सूर्ये वाली व्यपगतक्लमः4.11.4।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘वाली सूर्योदय के पहले ही पश्चिम समुद्र से पूर्व समुद्रतक और दक्षिण सागर से उत्तर तक घूम आता है; फिर भी वह थकता नहीं है
Show English Translation
'In the early hours before Sunrise Vali crosses over the oceans from the west to the east and moving from south to north (performing sandhya) without getting fatigued.
ShlokaShloka 5
अग्राण्यारुह्य शैलानां शिखराणि महान्त्यपि। ऊर्ध्वमुत्क्षिप्य तरसा प्रतिगृह्णाति वीर्यवान्4.11.5।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘पराक्रमी वाली पर्वतों की चोटियों पर चढ़कर बड़े बड़े शिखरों को बलपूर्वक उठा लेता और ऊपर को उछालकर फिर उन्हें हाथों से थाम लेता है
Show English Translation
'Climbing up speedily, valiant Vali would catch the huge mountain peaks.
ShlokaShloka 6
बहवस्सारवन्तश्च वनेषु विविधा द्रुमाः। वालिना तरसा भग्ना बलं प्रथयताऽत्मनः4.11.6।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘वनों में नाना प्रकार के जो बहुत-से सुदृढ़ वृक्ष थे, उन्हें अपने बल को प्रकट करते हुए वाली ने वेगपूर्वक तोड़ डाला है
Show English Translation
'Vali would break several sturdy trees in the forest with his vigour and speed, exhibiting his strength.
ShlokaShloka 7
महिषो दुन्दुभिर्नाम कैलासशिखरप्रभः। बलं नागसहस्रस्य धारयामास वीर्यवान्4.11.7।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘बल के घमंड में भरा हुआ वह विशालकाय दुष्टात्मा दानव अपने को मिले हुए वरदान से मोहित हो सरिताओं के स्वामी समुद्र के पास गया
Show English Translation
'Massive like the shining peak of mount Kailas and valiant like the mightybuffalo in form, Dundubhi possessed the strength of a thousand elephants.
ShlokaShloka 8
वीर्योत्सेकेन दुष्टात्मा वरदानाच्च मोहितः। जगाम सुमहाकाय स्समुद्रं सरितां पतिम्।।4.11.8।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘बल के घमंड में भरा हुआ वह विशालकाय दुष्टात्मा दानव अपने को मिले हुए वरदान से मोहित हो सरिताओं के स्वामी समुद्र के पास गया
Show English Translation
'Wicked Dundubhi of huge body was proud of his valour and deluded by virtue of the boons, went to the ocean, the lord of rivers.
ShlokaShloka 9
ऊर्मिमन्तमभिक्रम्य सागरं रत्नसञ्चयम्। मह्यं युद्धं प्रयच्छेति तमुवाच महार्णवम्4.11.9।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘जिसमें उत्ताल तरङ्गे उठ रही थीं तथा जो रत्नों की निधि हैं, उस महान् जलराशि से परिपूर्ण समुद्र को लाँघकर—उसे कुछ भी न समझकर दुन्दुभि ने उसके अधिष्ठाता देवता से कहा—’मुझे अपने साथ युद्ध का अवसर दो’
Show English Translation
'Reaching the mighty ocean, he implored the sea with (high) waves and hoards of gems for a fight.
ShlokaShloka 10
ततस्समुद्रो धर्मात्मा समुत्थाय महाबलः। अब्रवीद्वचनं राजन्नसुरं कालचोदितम्4.11.10।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘राजन् ! उस समय महान् बलशाली धर्मात्मा समुद्र उस कालप्रेरित असुर से इस प्रकार बोला-
Show English Translation
'O king, then the powerful and righteous king of the ocean came out and spoke to the demon (Dundubhi) who was driven to death by fate.'
ShlokaShloka 11
समर्थो नास्मि ते दातुं युद्धं युद्धविशारद। श्रूयतां चाभिधास्यामि यस्ते युद्धं प्रदास्यति4.11.11।।
हिन्दी अर्थ देखें
इस प्रकार श्रीवाल्मीकि निर्मित आर्षरामायण आदिकाव्य के किष्किन्धाकाण्ड में ग्यारहवाँ सर्ग पूरा हुआ
Show English Translation
'You are proficient in warfare. I am not competent enough to challenge you to a duel. But I will name the one who can.
ShlokaShloka 12
शैलराजो महारण्ये तपस्विशरणं परम्। शङ्करश्वशुरो नाम्ना हिमवानिति विश्रुतः4.11.12।। गुहाप्रस्रवणोपेतो बहुकन्दरनिर्दरः। स समर्थस्तव प्रीतिमतुलां कर्तुमाहवे4.11.13।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘विशाल वन में जो पर्वतों का राजा और भगवान् शंकर का श्वशुर है, तपस्वी जनों का सबसे बड़ा आश्रय और संसार में हिमवान् नाम से विख्यात है, जहाँ से जल के बड़े-बड़े स्रोत प्रकट हुए हैं। तथा जहाँ बहुत-सी कन्दराएँ और झरने हैं, वह गिरिराज हिमालय ही तुम्हारे साथ युद्ध करने में समर्थ है। वह तुम्हें अनुपम प्रीति प्रदान कर सकता है
Show English Translation
'Himavan, the supreme abode of ascetics is the fatherinlaw of Lord Siva. He is wellknown as king of mountains, who has, waterfalls, caves, caverns and great forests.He is competent to match your incomparable love for war.
ShlokaShloka 13
तं भीत इति विज्ञाय समुद्रमसुरोत्तमः। हिमवद्वनमागच्छच्छरश्चापादिव च्युतः4.11.14।। ततस्तस्य गिरेश्श्वेता गजेन्द्रविप्रलाश्शिलाः। चिक्षेप बहुधा भूमौ दुन्दुभिर्विननाद च4.11.15।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘विशाल वन में जो पर्वतों का राजा और भगवान् शंकर का श्वशुर है, तपस्वी जनों का सबसे बड़ा आश्रय और संसार में हिमवान् नाम से विख्यात है, जहाँ से जल के बड़े-बड़े स्रोत प्रकट हुए हैं। तथा जहाँ बहुत-सी कन्दराएँ और झरने हैं, वह गिरिराज हिमालय ही तुम्हारे साथ युद्ध करने में समर्थ है। वह तुम्हें अनुपम प्रीति प्रदान कर सकता है
Show English Translation
'Dundubhi, the most powerful of demons, aware that the ocean is frightened of him went swiftly to Himavan like an arrow released from a bow. He raised many huge white cliffs of the size of great elephants to the ground and roared.
ShlokaShloka 14
ततश्श्वेताम्बुदाकारः सौम्यः प्रीतिकराकृतिः। हिमवानब्रवीद्वाक्यं स्वे एव शिखरे स्थितः4.11.16।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘यह सुनकर असुरशिरोमणि दुन्दुभि समुद्र को डरा हुआ जान धनुष से छूटे हुए बाण की भाँति तुरंत हिमालय के वन में जा पहुँचा और उस पर्वत की गजराजों के समान विशाल श्वेत शिलाओं को बारंबार भूमि पर फेंकने और गर्जना करने लगा
Show English Translation
'Then the gentle Himavan of pleasing appearance stood in the form of a white cloud on the peak and spoke:
ShlokaShloka 15
क्लेष्टुमर्हसि मां न त्वं दुन्दुभे धर्मवत्सल। रणकर्मस्वकुशलस्तपस्विशरणं ह्यहम्4.11.17।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘यह सुनकर असुरशिरोमणि दुन्दुभि समुद्र को डरा हुआ जान धनुष से छूटे हुए बाण की भाँति तुरंत हिमालय के वन में जा पहुँचा और उस पर्वत की गजराजों के समान विशाल श्वेत शिलाओं को बारंबार भूमि पर फेंकने और गर्जना करने लगा
Show English Translation
'Dundubhi, it is not proper for you to trouble me, for I am devoted to righteousness. I am the resort of ascetics and not adept in warfare'.
ShlokaShloka 16
तस्य तद्वचनं श्रुत्वा गिरिराजस्य धीमतः। उवाच दुन्दुभिर्वाक्यं क्रोधात्संरक्तलोचनः4.11.18।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘तब श्वेत बादल के समान आकार धारण किये सौम्य स्वभाव वाले हिमवान् वहाँ प्रकट हुए। उनकी आकृति प्रसन्नता को बढ़ाने वाली थी। वे अपने ही शिखर पर खड़े होकर बोले-
Show English Translation
"At these words of Himavan, the wise king of mountains, Dundubhi whose eyes turned red in anger replied:
ShlokaShloka 17
यदि युद्धेऽसमर्थस्त्वं मद्भयाद्वा निरुद्यमः। समाचक्ष्व प्रदद्यान्मे योऽद्य युद्धं युयुत्सतः4.11.19।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘बुद्धिमान् गिरिराज हिमालय की यह बात सुनकर दुन्दुभि के नेत्र क्रोध से लाल हो गये और वह इस प्रकार बोला—
Show English Translation
'If you are unable or unwilling to fight me out of fear, tell me who wants to challenge me to a duel.
ShlokaShloka 18
हिमवानब्रवीद्वाक्यं श्रुत्वा वाक्यविशारदः। अनुक्तपूर्वं धर्मात्मा क्रोधात्तमसुरोत्तमम्4.11.20।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘बुद्धिमान् गिरिराज हिमालय की यह बात सुनकर दुन्दुभि के नेत्र क्रोध से लाल हो गये और वह इस प्रकार बोला—
Show English Translation
'On hearing such words, which no one had spoken earlier, righteous Himavan, skilful in conversation, flew into a rage and said to Dundubhi,the best of demons:
ShlokaShloka 19
वाली नाम महाप्राज्ञश्शक्रतुल्य पराक्रमः। अध्यास्ते वानरश्श्रीमान् किष्किन्धामतुलप्रभाम्4.11.21।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘यदि तुम युद्ध करने में असमर्थ हो अथवा मेरे भय से ही युद्ध की चेष्टा से विरत हो गये हो तो मुझे उस वीर का नाम बताओ, जो युद्ध की इच्छा रखने वाले मुझको अपने साथ युद्ध करने का अवसर दे’
Show English Translation
'Vali, son of Indra, is a wise, powerful and prosperous monkey. He resides at Kishkinda, a city of incomparable glory.
ShlokaShloka 20
स समर्थो महाप्राज्ञस्तव युद्धविशारदः। द्वन्द्वयुद्धं महद्दातुं नमुचेरिव वासवः4.11.22।।
हिन्दी अर्थ देखें
“उसकी यह बात सुनकर बातचीत में कुशल धर्मात्मा हिमवान् ने श्रेष्ठ असुर से, जिसके लिये पहले किसी ने किसी प्रतिद्वन्द्वी योद्धा का नाम नहीं बताया था, क्रोधपूर्वक कहा-
Show English Translation
'Vali is profoundly wise, an expert in warfare. He is capable of challenging you to a duel like Indra to Namuchi.
ShlokaShloka 21
तं शीघ्रमभिगच्छ त्वं यदि युद्धमिहेच्छसि। स हि दुर्धर्षणो नित्यं शूरस्समरकर्मणि4.11.23।।
हिन्दी अर्थ देखें
“महाप्राज्ञ दानवराज! वाली नाम से प्रसिद्ध एक परम तेजस्वी और प्रतापी वानर हैं, जो देवराज इन्द्र के पुत्र हैं और अनुपम शोभा से पूर्ण किष्किन्धा नामक पुरी में निवास करते हैं
Show English Translation
'If you wish to fight, go to him quickly.He is ever heroic and difficult to combat.
ShlokaShloka 22
श्रुत्वा हिमवतो वाक्यं कोधाविष्टस्स दुन्दुभिः। जगाम तां पुरीं तस्य किष्किन्धां वालिनस्तदा4.11.24।।
हिन्दी अर्थ देखें
“वे बड़े बुद्धिमान् और युद्ध की कला में निपुण हैं। वे ही तुमसे जूझने में समर्थ हैं। जैसे इन्द्र ने नमुचि को युद्ध का अवसर दिया था, उसी प्रकार वाली तुम्हें द्वन्द्वयुद्ध प्रदान कर सकते हैं
Show English Translation
'Having heard Himavan, Dundubhi, seized with anger, went to Kishkindha, the city of Vali.
ShlokaShloka 23
धारयन्माहिषं रूपं तीक्ष्णशृङ्गो भयावहः। प्रावृषीव महामेघस्तोयपूर्णो नभस्स्थले4.11.25।। ततस्तु द्वारमागम्य किष्किन्धाया महाबलः। ननर्द कम्पयन्भूमिं दुन्दुभिर्दुन्दुभिर्यथा4.11.26।।
हिन्दी अर्थ देखें
“यदि तुम यहाँ युद्ध चाहते हो तो शीघ्र चले जाओ; क्योंकि वाली के लिये किसी शत्रु की ललकार को सह सकना बहुत कठिन है। वे युद्ध कर्म में सदा शूरता प्रकट करने वाले हैं’
Show English Translation
'Mighty Dundubhi assuming the form of a frightening buffalo with pointed horns looking like a huge, dark raincloud in the sky in monsoon marched to the entrance of Kishkinda and roared like a wardrum as if shaking the earth.
ShlokaShloka 24
समीपस्थान्द्रुमान्भञ्जन्वसुधां दारयन्खुरैः। विषाणेनोल्लिखन् दर्पात्तद्द्वारं द्विरदो यथा4.11.27।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘हिमवान् की बात सुनकर क्रोध से भरा हुआ दुन्दुभि तत्काल वाली की किष्किन्धापुरी में जा पहुँचा
Show English Translation
'Dundubhi felled the trees nearby, rent the earth with its hoofs, scratched the entrance gate of the city as an elephant would do with its horns in arrogance.
ShlokaShloka 25
अन्तःपुरगतो वाली श्रुत्वा शब्दममर्षणः। निष्पपात सह स्त्रीभिस्ताराभिरिव चन्द्रमाः4.11.28।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘उसने भैंसे का-सा रूप धारण कर रखा था। उसके सींग बड़े तीखे थे। वह बड़ा भयंकर था और वर्षाकाल के आकाश में छाये हुए जल से भरे महान् मेघ के समान जान पड़ता था
Show English Translation
'Unable to tolerate the sound, Vali jumped out of the harem along with the women like the Moon with stars.
ShlokaShloka 26
मितं व्यक्ताक्षरपदं तमुवाचाथ दुन्दुभिम्। हरीणामीश्वरो वाली सर्वेषां वनचारिणाम्4.11.29।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘वह महाबली दुन्दुभि किष्किन्धापुरी के द्वार पर आकर भूमि को कँपाता हुआ जोर-जोर से गर्जना करने लगा, मानो दुन्दुभि का गम्भीर नाद हो रहा हो
Show English Translation
'Vali, king of the monkeys who roam the forest, saw Dundubhi and addressed, but briefly:
ShlokaShloka 27
किमर्थं नगरद्वारमिदं रुध्द्वा विनर्दसि। दुन्दुभे विदितो मेऽसि रक्षप्राणान्महाबल4.11.30।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘वह आसपास के वृक्षों को तोड़ता, धरती को खुरों से खोदता और घमंड में आकर पुरी के दरवाजे को सींगों से खरोंचता हुआ युद्ध के लिये डट गया
Show English Translation
'O Dundubhi why are you roaring, blocking the entrance of the city? I know you are powerful. Go and save your life.'
ShlokaShloka 28
तस्य तद्वचनं श्रुत्वा वानरेन्द्रस्य धीमतः। उवाच दुन्दुभिर्वाक्यं रोषात्संरक्तलोचनः4.11.31।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘वाली उस समय अन्तःपुर में था। उस दानव की गर्जना सुनकर वह अमर्ष से भर गया और तारों से घिरे हुए चन्द्रमा की भाँति स्त्रियों से घिरा हुआ नगर के बाहर निकल आया
Show English Translation
'Dundubhi whose eyes turned red in anger when he heard the words of Vali ,the wise king of the monkeys, said:
ShlokaShloka 29
न त्वं स्त्रीसन्निधौ वीर वचनं वक्तुमर्हसि। मम युद्धं प्रयच्छाद्य ततो ज्ञास्यामि ते बलम्4.11.32।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘समस्त वनचारी वानरों के राजा वाली ने वहाँ सुस्पष्ट अक्षरों तथा पदों से युक्त परिमित वाणी में उस दुन्दुभि से कहा-
Show English Translation
'O hero speaking such words in the presence of women is not proper. Come to me for a combat and I will let you know your strength.
ShlokaShloka 30
अथवा धारयिष्यामि क्रोधमद्य निशामिमाम्। गृह्यतामुदयस्स्वैरं कामभोगेषु वानर4.11.33।।
हिन्दी अर्थ देखें
“महाबली दुन्दुभे! मैं तुम्हें अच्छी तरह जानता हूँ। तुम इस नगरद्वार को रोककर क्यों गरज रहे हो? अपने प्राणों की रक्षा करो’
Show English Translation
'O monkey I will restrain my anger tonight and give you time for your indulgence in sensual pleasures till morning.
ShlokaShloka 31
दीयतां सम्प्रदानं च परिष्वज्य च वानरान्। सर्वशाखामृगेन्द्र स्त्वं संसादय सुहृज्जनान्4.11.34।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘बुद्धिमान् वानराज वाली का यह वचन सुनकर दुन्दुभि की आँखें क्रोध से लाल हो गयीं। वह उससे इस प्रकार बोला—
Show English Translation
'O king of monkeys, hug them and give them any gift you want. Spend the night with your dear ones.
ShlokaShloka 32
सुदृष्टां कुरु किष्किन्धां कुरुष्वात्मसमं पुरे। क्रीडस्व च सह स्त्रीभिरहं ते दर्पनाशनः4.11.35।।
हिन्दी अर्थ देखें
“वीर तुम्हें स्त्रियों के समीप ऐसी बात नहीं कहनी चाहिये। मुझे युद्ध का अवसर दो, तब मैं तुम्हारा बल समशृंगा
Show English Translation
'Have a good look a Kishkinda. Assign some one like you kingship. Sport freely with women and come, I shall destroy your arrogance.
ShlokaShloka 33
यो हि मत्तं प्रमत्तं वा सुप्तं वा रहितं भृशम्। हन्यात्स भ्रूणहा लोके त्वद्विधं मदमोहितम्4.11.36।।
हिन्दी अर्थ देखें
“अथवा वानर ! मैं आज की रात में अपने क्रोध को रोके रहूँगा। तुम स्वेच्छानुसार कामभोग के लिये सूर्योदय तक समय मुझसे ले लो
Show English Translation
'Whoever kills a person, who is drunk or is heedless or is asleep or without weapons or stupified by lust in this world, is equal to a killer of a foetus in the womb.'
ShlokaShloka 34
स प्रहस्याब्रवीन्मन्दं क्रोधात्तमसुरोत्त���म्। विसृज्य ताः स्त्रियस्सर्वास्ताराप्रभृतिकास्तदा4.11.37।।
हिन्दी अर्थ देखें
“वानरों को हृदय से लगाकर जिसे जो कुछ देना हो दे दो; तुम समस्त कपियों के राजा हो न! अपने सुहृदों से मिल लो, सलाह कर लो
Show English Translation
'Then, Vali sent away Tara and all other women slowly and replied angrily to the foolish demon with a mischievous smile:
ShlokaShloka 35
मत्तोऽयमिति मा मंस्था यद्यभीतोऽसि संयुगे। मदोऽयं सम्प्रहारेऽस्मिन्वीरपानं समर्थ्यताम्4.11.38।।
हिन्दी अर्थ देखें
“जो मधुपान से मत्त, प्रमत्त (असावधान), युद्ध से भगे हुए, अस्त्ररहित, दुर्बल, तुम्हारे-जैसे स्त्रियों से घिरे हुए तथा मदमोहित पुरुष का वध करता है, वह जगत् में गर्भ-हत्यारा कहा जाता है’
Show English Translation
'Do not consider me drunken. This drink will serve as a warrior's drink in the combat. Be ready, if you are not afraid of a combat.'
ShlokaShloka 36
तमेवमुक्त्वा सङ्कृद्धो मालामुत्क्षिप्य काञ्चनीम्। पित्रा दत्तां महेन्द्रेण युद्धाय व्यवतिष्ठत4.11.39।।
हिन्दी अर्थ देखें
“जो मधुपान से मत्त, प्रमत्त (असावधान), युद्ध से भगे हुए, अस्त्ररहित, दुर्बल, तुम्हारे-जैसे स्त्रियों से घिरे हुए तथा मदमोहित पुरुष का वध करता है, वह जगत् में गर्भ-हत्यारा कहा जाता है’
Show English Translation
'Having addressed thus in a rage, Vali removed the golden garland gifted by Indra, his father, and stood ready for the combat.
ShlokaShloka 37
विषाणयोर्गृहीत्वा तं दुन्दुभिं गिरिसन्निभम्। आविध्यत तदा वाली विनदन्कपिकुञ्जरः4.11.40।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘यह सुनकर वाली मन्द-मन्द मुसकराकर उन तारा आदि सब स्त्रियों को दूर हटा उस असुरराज से क्रोधपूर्वक बोला—
Show English Translation
'Vali, the elephantlike monkey then held the mountainlike Dundubhi by the horns and struck him down, roaring loudly.
ShlokaShloka 38
वाली व्यापातयाञ्चक्रे ननर्द च महास्वनम्। श्रोत्राभ्यामथ रक्तं तु तस्य सुस्राव पात्यतः4.11.41।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘उससे ऐसा कहकर पिता इन्द्र की दी हुई विजयदायिनी सुवर्णमाला को गले में डालकर वालीकुपित हो युद्ध के लिये खड़ा हो गया
Show English Translation
'Vali whirled him round and round and threw him downroaring. Blood flowed from Dundubhi's ears.
ShlokaShloka 39
तयोस्तु क्रोधसंरम्भात्परस्परजयैषिणोः। युद्धं समभवद्घोरं दुन्दुभेर्वानरस्यच4.11.42।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘उससे ऐसा कहकर पिता इन्द्र की दी हुई विजयदायिनी सुवर्णमाला को गले में डालकर वालीकुपित हो युद्ध के लिये खड़ा हो गया
Show English Translation
'Each one of them was highly agitated and angry trying to win over the other. A terrific fight took place between Dundubhi and Vali.
ShlokaShloka 40
अयुद्ध्यत तदा वाली शक्रतुल्यपराक्रमः। मुष्टिभिर्जानुभिश्चैव शिलाभिः पादपैस्तथा4.11.43।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘क्रोध के आवेश से युक्त हो एक-दूसरे को जीतने की इच्छावाले उन दोनों दुन्दुभि और वाली में घोर युद्ध होने लगा
Show English Translation
'Then Vali who was equal to Indra in prowess fought, hitting him with fists, knees, rocks and trees.
ShlokaShloka 41
परस्परं घ्नतो स्तत्र वानरासुरयोस्तदा। आसीदसुरो युद्धे शक्रसूनुर्व्यवर्धत4.11.44।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘क्रोध के आवेश से युक्त हो एक-दूसरे को जीतने की इच्छावाले उन दोनों दुन्दुभि और वाली में घोर युद्ध होने लगा
Show English Translation
'Then as the monkey and demon fought pouncing on each other, the prowess of Dundubhi got diminished and that of Vali, the son of Indra, increased.
ShlokaShloka 42
व्यापारवीर्यधैर्यैश्च परिक्षीणं पराक्रमैः। तं तु दुन्दुभिमुद्यम्य धरण्यामभ्यपातयत्।।4.11.45।। युद्धे प्राणहरे तस्मिन्निष्पिष्टो दुन्दुभिस्तदा। पपात च महाकायः क्षितौ पञ्चत्वमागतः4.11.46।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘क्रोध के आवेश से युक्त हो एक-दूसरे को जीतने की इच्छावाले उन दोनों दुन्दुभि और वाली में घोर युद्ध होने लगा
Show English Translation
In the fight, Dundubhi fell down, with his strength, courage and prowess dwindled. Vali lifted his huge body and dashed it down on the ground. The body of Dundubhi dissolved into the five elements.
ShlokaShloka 43
तं तोलयित्वा बाहुभ्यां गतसत्त्वमचेतनम्। चिक्षेप बलवान्वाली वेगेनैकेन योजनम्4.11.47।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘उस युद्धस्थल में परस्पर प्रहार करते हुए वानर और असुर दोनों योद्धाओं में से असुरकी शक्ति तो घटने लगी और इन्द्रकुमार वाली का बल बढ़ने लगा
Show English Translation
'Mighty Vali lifted on both shoulders the insensate body drained of life and hurled it speedily to a distance of a yojana.
ShlokaShloka 44
तस्य वेगप्रविद्धस्य वक्त्रात्क्षतजबिन्दवः। प्रपेतुर्मारुतोत्क्षिप्ता मतङ्गप्याश्रमं प्रति4.11.48।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘उस युद्धस्थल में परस्पर प्रहार करते हुए वानर और असुर दोनों योद्धाओं में से असुरकी शक्ति तो घटने लगी और इन्द्रकुमार वाली का बल बढ़ने लगा
Show English Translation
'Scattered by the wind, drops of blood fell at the hermitage of Matanga from the mouth of the deadbody flung.
ShlokaShloka 45
तान्दृष्ट्वा पतितांस्तस्य मुनिश्शोणितविप्रुषः। क्रुद्धस्तत्र महाभागश्चिन्तयामास कोन्वयम्4.11.49।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘गिरते समय उसके शरीर के समस्त छिद्रों से बहुत सा रक्त बहने लगा। वह महाबाहु असुर पृथ्वी पर गिरा और मर गया
Show English Translation
'The venerable sage became furious to see drops of blood fallen there. He started thinking who could he be?
ShlokaShloka 46
येनाहं सहसा स्पृष्टश्शोणितेन दुरात्मना। कोऽयं दुरात्मा दुर्भुदि्घरकृतात्मा च बालिशः4.11.50।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘गिरते समय उसके शरीर के समस्त छिद्रों से बहुत सा रक्त बहने लगा। वह महाबाहु असुर पृथ्वी पर गिरा और मर गया
Show English Translation
'Who is that petty, wicked, evil minded one who caused the drops of blood to touch (fall on) me suddenly?
ShlokaShloka 47
इत्युक्त्वाऽथ विनिष्क्रम्य ददर्श मुनिसत्तमः। महिषं पर्वताकारं गतासुं पतितं भुवि4.11.51।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘वेगपूर्वक फेंके गये उस असुर के मुख से निकली हुई रक्त की बहुत-सी बूंदें हवा के साथ उड़कर मतंगमुनि के आश्रम में पड़ गयीं
Show English Translation
'The venerable sage came out of the hermitage and saw a mountaneous buffalo fallen dead on the floor.
ShlokaShloka 48
स तु विज्ञाय तपसा वानरेण कृतं हि तत्। उत्ससर्ज महाशापं क्षेप्तारं वालिनं प्रति4.11.52।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘वेगपूर्वक फेंके गये उस असुर के मुख से निकली हुई रक्त की बहुत-सी बूंदें हवा के साथ उड़कर मतंगमुनि के आश्रम में पड़ गयीं
Show English Translation
'Having known through his ascetic vision that it was the act of a monkey, he pronounced a curse on Vali who had hurled (the body):
ShlokaShloka 49
इह तेनाप्रवेष्टव्यं प्रविष्टस्य वधो भवेत्। वनं मत्संश्रयं येन दूषितं रुधिरस्रवैः4.11.53।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘महाभाग! वहाँ पड़े हुए उन रक्त-बिन्दुओं को देखकर मतंगमुनि कुपित हो उठे और इस विचार में पड़ गये कि ‘यह कौन है, जो यहाँ रक्त के छींटे डाल गया है?
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'Whoever has desecrated this forest, protected by me, with drops of blood is forbidden to enter this place. Once he does it, he will die.
ShlokaShloka 50
सम्भग्नाः पादपाश्चैमेक्षिपतेहासुरीं तनुम्। समन्तादाद्योजनं पूर्णमाश्रमं मामकं यदि4.11.54।। आगमिष्यति दुर्बुद्धिर्व्यक्तं स न भविष्यति।
हिन्दी अर्थ देखें
‘ऐसा कहकर मुनिवर मतंग ने बाहर निकलकर देखा तो उन्हें एक पर्वताकार भैंसा पृथ्वी पर प्राणहीन होकर पड़ा दिखायी दिया
Show English Translation
'Whoever has broken the trees all over this forest and has thrown the demon's body will not survive if he enters within a radius of one yojana of my hermitage.
ShlokaShloka 51
ये चापि सचिवाः स्तस्य संश्रिता मामकं वनम्4.11.55।। न च तैरिह वस्तव्यं श्रुत्वा यान्तु यथासुखम्।
हिन्दी अर्थ देखें
‘ऐसा कहकर मुनिवर मतंग ने बाहर निकलकर देखा तो उन्हें एक पर्वताकार भैंसा पृथ्वी पर प्राणहीन होकर पड़ा दिखायी दिया
Show English Translation
'Indeed his counsellors who are here must leave this forest. Let them depart safely.
ShlokaShloka 52
यदि तेऽपी ह तिष्ठन्ति शपिष्ये तानपि ध्रुवम्4.11.56।। वनेऽस्मिन्मामके नित्यं पुत्रवत्परिरक्षिते। पत्राङ्कुरविनाशाय फलमूलाभवाय च4.11.57।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘उन्होंने अपने तपोबल से यह जान लिया कि यह एक वानर की करतूत है। अतः उस लाश को फेंकने वाले वानर के प्रति उन्होंने बड़ा भारी शाप दिया –
Show English Translation
'If the monkeys stay back to destroy the leaves and shoots and plunder the fruits and roots of this forest which I have protected just like my son will also certainly invite my curse.
ShlokaShloka 53
दिवसश्चास्य मर्यादा यं द्रष्टा श्वोऽस्मि वानरम्। बहुवर्षसहस्राणि स वै शैलो भविष्यति4.11.58।।
हिन्दी अर्थ देखें
“जिसने खून के छींटे डालकर मेरे निवासस्थान इस वन को अपवित्र कर दिया है, वह आज से इस वन में प्रवेश न करे। यदि इसमें प्रवेश करेगा तो उसका वध हो जायगा
Show English Translation
'I give one day's time for the monkeys (to leave). Whomsoever, I see tomorrow will get transformed into a mountain for many thousands of years'
ShlokaShloka 54
ततस्ते वानराश्श्रुत्वा गिरं मुनिसमीरिताम्। निश्चक्रमुर्वनात्तस्मात्तान्दृष्ट्वा वालिरब्रवीत्4.11.59।।
Show English Translation
'The monkeys fled on hearing the words spoken by the sage. Said Vali:
ShlokaShloka 55
किं भवन्तस्समस्ताश्च मतङ्गवनवासिनः। मत्समीपमनुप्राप्ता अपि स्वस्ति वनौकसाम्4.11.60।।
हिन्दी अर्थ देखें
“उस वाली के जो कोई सचिव भी मेरे इस वन में रहते हों, उन्हें अब यहाँ का निवास त्याग देना चाहिये। वे मेरी आज्ञा सुनकर सुखपूर्वक यहाँ से चले जायें। यदि वे रहेंगे तो उन्हें भी निश्चय ही शाप दे दूंगा
Show English Translation
'Why have you, residents of the groves of Matanga, come to me? Hope all are safe'
ShlokaShloka 56
ततस्ते कारणं सर्वं तदा शापं च वालिनः। शशंसुर्वानरास्सर्वे वालिने हेममालिने4.11.61।।
हिन्दी अर्थ देखें
“उस वाली के जो कोई सचिव भी मेरे इस वन में रहते हों, उन्हें अब यहाँ का निवास त्याग देना चाहिये। वे मेरी आज्ञा सुनकर सुखपूर्वक यहाँ से चले जायें। यदि वे रहेंगे तो उन्हें भी निश्चय ही शाप दे दूंगा
Show English Translation
'Then all the monkeys collected together and narrated everything about the curse given to Vali , adorned with a golden chain(on his neck).
ShlokaShloka 57
एतच्छ्रुत्वा तदा वाली वचनं वानरेरितम्। स महर्षिंतदाऽसाद्य याचते स्म कृताञ्जलिः4.11.62।।
हिन्दी अर्थ देखें
“मैंने अपने इस वन की सदा पुत्र की भाँति रक्षा की है। जो इसके पत्र और अङ्कर का विनाश तथा फलमूल का अभाव करने के लिये यहाँ रहेंगे, वे अवश्य शाप के भागी होंगे
Show English Translation
'On hearing the monkeys, Vali went to the sage and begged forgiveness with folded hands.
ShlokaShloka 58
महर्षिस्तमनादृत्य प्रविवेशाश्रमं तदा। शापधारणभीतस्तु वाली विह्वलतां गतः4.11.63���।
हिन्दी अर्थ देखें
‘तब उन सभी वानरों ने सुवर्णमालाधारी वाली से अपने आने का सब कारण बताया तथा जो वाली को शाप हुआ था, उसे भी कह सुनाया
Show English Translation
'The sage went into the hermitage without obliging Vali who became apprehensive of the curse of the sage.
ShlokaShloka 59
ततश्शापभयाद्भीत ऋश्यमूकं महागिरिम्। प्रवेष्टुं नेच्छति हरिर्द्रष्टुं वापि नरेश्वर4.11.64।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘तब उन सभी वानरों ने सुवर्णमालाधारी वाली से अपने आने का सब कारण बताया तथा जो वाली को शाप हुआ था, उसे भी कह सुनाया
Show English Translation
'O Lord Rama because of the fear of the curse, Vali will not enter the great Rishyamuka mountain nor will he like to see it.
ShlokaShloka 60
तस्याप्रवेशं ज्ञात्वाऽहमिदं राम महावनम्। विचरामि सहामात्यो विषादेन विवर्जितः4.11.65।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘तब उन सभी वानरों ने सुवर्णमालाधारी वाली से अपने आने का सब कारण बताया तथा जो वाली को शाप हुआ था, उसे भी कह सुनाया
Show English Translation
'O Rama aware of the prohibition of Vali from entering the place, I roam about this great forest accompanied by my ministers without any apprehension.
ShlokaShloka 61
एषोऽस्थिनिचयस्तस्य दुन्दुभेस्सम्प्रकाशते। वीर्योत्सेकान्निरस्तस्य गिरिकूटोपमो महान्4.11.66।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘तब उन सभी वानरों ने सुवर्णमालाधारी वाली से अपने आने का सब कारण बताया तथा जो वाली को शाप हुआ था, उसे भी कह सुनाया
Show English Translation
'Hurled with the pride of his(Vali's) prowess is this heap of bones of Dundubhi here, which shines like a huge mountain peak.
ShlokaShloka 62
इमे च विपुलास्सालास्सप्त शाखावलम्बिनः। यत्रैकं घटते वाली निष्पत्रयितुमोजसा4.11.67।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘वानरों की कही हुई यह बात सुनकर वाली महर्षि मतंग के पास गया और हाथ जोड़कर क्षमा-याचना करने लगा
Show English Translation
'Look at these seven sturdy Sala trees with branches of one overlapping the other. Vali was able to remove all the leaves of one Sala tree with just one arrow.
ShlokaShloka 63
एतदस्यासमं वीर्यं मया राम प्रकीर्तितम्। कथं तं वालिनं हन्तुं समरे शक्ष्यसे नृप4.11.68।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘श्रीराम! यहाँ उसका प्रवेश होना असम्भव है, यह जानकर मैं अपने मन्त्रियों के साथ इस महान् वन में विषाद-शून्य होकर विचरता हूँ
Show English Translation
'O Rama Vali's strength and fame related by me is unequalled. O king how is it possible for you to kill him in a combat?'
ShlokaShloka 64
तथा ब्रुवाणं सुग्रीवं प्रहसन् लक्ष्मणोऽब्रवीत्। कस्मिन्कर्मणि निर्वृत्ते श्रद्दध्या वालिनो वधम्4.11.69।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘श्रीराम! यहाँ उसका प्रवेश होना असम्भव है, यह जानकर मैं अपने मन्त्रियों के साथ इस महान् वन में विषाद-शून्य होकर विचरता हूँ
Show English Translation
Smiling, Lakshmana asked Sugriva, 'By what action will you trust?. By the fulfilment of which task (by Rama) will you have faith?'
ShlokaShloka 65
तमुवाचाथ सुग्रीवस्सप्त सालानिमान्पुरा। एवमेकैकशो वाली विव्याथाथ स चासकृत्। 4.11.70।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘श्रीराम! यहाँ उसका प्रवेश होना असम्भव है, यह जानकर मैं अपने मन्त्रियों के साथ इस महान् वन में विषाद-शून्य होकर विचरता हूँ
Show English Translation
Then Sugriva told Lakshmana that earlier Vali had split through these seven Sala trees one after the other, several times.
ShlokaShloka 66
रामोऽपिदारयेदेषां बाणेनैकेन च द्रुमम्। वालिनं निहतं मन्ये दृष्ट्वा रामस्य विक्रमम्4.11.71।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘यह रहा दुन्दुभि की हड्डियों का ढेर, जो एक महान् पर्वतशिखर के समान जान पड़ता है। वाली ने अपने बल के घमंड में आकर दुन्दुभि के शरीर को इतनी दूर फेंका था
Show English Translation
'If I see Rama splitting these trees with one arrow, I will believe he can kill Vali with his prowess.
ShlokaShloka 67
हतस्य महिषस्यास्थि पादेनैकेन लक्ष्मण। उद्यम्याथ प्रक्षिपेच्चेत्तरसा द्वे धनुश्शते4.11.72।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘ये सात साल के विशाल एवं मोटे वृक्ष हैं, जो अनेक उत्तम शाखाओं से सुशोभित होते हैं। वाली इनमें से एक-एक को बलपूर्वक हिलाकर पत्रहीन कर सकता है
Show English Translation
'O Lakshmana and if Rama can also lift the dead buffalo's (Dundubhi's) skeleton and hurl it to a distance of two hundred bows with one of his feet.
ShlokaShloka 68
एवमुक्त्वा तु सुग्रीवो रामं रक्तान्तलोचनम्। ध्यात्वा मुहूर्तं काकुत्स्थं पुनरेव वचोऽब्रवीत्4.11.73।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘श्रीराम! यह मैंने वाली के अनुपम पराक्रम को प्रकाशित किया है। नरेश्वर! आप उस वाली को समराङ्गण में कैसे मार सकेंगे’
Show English Translation
Having said this and thinking for a moment, Sugriva again said to the heroic Rama whose eyes had turned red.
ShlokaShloka 69
शूरश्च शूरघाती च प्रख्यातबलपौरुषः। बलवान्वानरो वाली संयुगेष्वपराजितः4.11.74।।
Show English Translation
'Powerful Vali is valiant and has killed brave fighters. He is wellknown for his prowess and valour. He has not faced defeat in war.
ShlokaShloka 70
दृश्यन्ते चास्य कर्माणि दुष्कराणि सुरैरपि। यानि सञ्चिन्त्य भीतोऽहमृश्यमूकं समाश्रितः4.11.75।।
हिन्दी अर्थ देखें
तब सुग्रीव ने उनसे कहा- ‘पूर्वकाल में वाली ने साल के इन सातों वृक्षों को एक-एक करके कई बार बींध डाला है। अतः श्रीरामचन्द्रजी भी यदि इनमें से किसी एक वृक्ष को एक ही बाण से छेद डालेंगे तो इनका पराक्रम देखकर मुझे वाली के मारे जाने का विश्वास हो जायगा
Show English Translation
'Even gods cannot do what he has done. Thinking of all this and being afraid of him, I have taken refuge at Rishyamuka.
ShlokaShloka 71
तमजय्यमधृष्यं च वानरेन्द्रममर्षणम्। विचिन्तयन्न मुञ्चामि ऋश्यमूकमहन्विमम्4.11.76।।
हिन्दी अर्थ देखें
तब सुग्रीव ने उनसे कहा- ‘पूर्वकाल में वाली ने साल के इन सातों वृक्षों को एक-एक करके कई बार बींध डाला है। अतः श्रीरामचन्द्रजी भी यदि इनमें से किसी एक वृक्ष को एक ही बाण से छेद डालेंगे तो इनका पराक्रम देखकर मुझे वाली के मारे जाने का विश्वास हो जायगा
Show English Translation
'Thinking that this indignant, invincible lord of the monkeys, cannot be overpowered, I have not stepped out of Rishyamuka.
ShlokaShloka 72
उद्विग्नश्शङ्कितश्चापि विचरामि महावने। अनुरक्तैः सहामात्यैर्हनुमत्प्रमुखैर्वरैः4.11.77।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘लक्ष्मण! यदि इस महिषरूपधारी दुन्दुभि की हड्डी को एक ही पैर से उठाकर बलपूर्वक दो सौ धनुष की दूरीपर फेंक सकें तो भी मैं यह मान लूँगा कि इनके हाथ से वाली का वध हो सकता है’
Show English Translation
ShlokaShloka 73
उपलब्धं च मे श्लाघ्यं सन्मित्रं मित्रवत्सल। त्वामहं पुरुषव्याघ्र हिमवन्तमिवाश्रितः4.11.78।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘इसके ऐसे-ऐसे कर्म देखे जाते हैं, जो देवताओं के लिये दुष्कर हैं और जिनका चिन्तन करके भयभीत हो मैंने इस ऋष्यमूक पर्वत की शरण ली है
Show English Translation
'I have discovered in you a faithful friend. O tiger among men, O venerable one, you are to me like the Himalayas.
ShlokaShloka 74
किं तु तस्य बलज्ञोऽहं दुर्भ्रातुर्बलशालिनः। अप्रत्यक्षं तु मे वीर्यं समरे तव राघव4.11.79।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘इसके ऐसे-ऐसे कर्म देखे जाते हैं, जो देवताओं के लिये दुष्कर हैं और जिनका चिन्तन करके भयभीत हो मैंने इस ऋष्यमूक पर्वत की शरण ली है
Show English Translation
'What to do? I know the strength of my mighty bad brother. But so far I have not seen your power in a battle.
ShlokaShloka 75
न खल्वहं त्वां तुलये नावमन्ये न भीषये। कर्मभिस्तस्य भीमैस्तु कातर्यं जनितं मम4.11.80।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘इसके ऐसे-ऐसे कर्म देखे जाते हैं, जो देवताओं के लिये दुष्कर हैं और जिनका चिन्तन करके भयभीत हो मैंने इस ऋष्यमूक पर्वत की शरण ली है
Show English Translation
'The dreadful acts of Vali have made me feel timid. This is not to compare you with him or your strength with his or insult you and scare you.
ShlokaShloka 76
कामं राघव ते वाणी प्रमाणं धैर्यमाकृतिः। सूचयन्ति परं तेजो भस्मच्छन्नमिवानलम्4.11.81।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘वानरराज वाली को जीतना दूसरों के लिये असम्भव है। उस पर आक्रमण अथवा उसका तिरस्कार भी नहीं किया जा सकता। वह शत्रु की ललकार को नहीं सह सकता। जब मैं उसके प्रभाव का चिन्तन करता हूँ, तब इस ऋष्यमूक पर्वत को एक क्षण के लिये भी छोड़ नहीं पाता हूँ
Show English Translation
'Rama your word and your courage indicate your supreme strength which is like fire covered with ashes.'
ShlokaShloka 77
तस्य तद्वचनं श्रुत्वा सुग्रीवस्य महात्मनः। स्मितपूर्वमथो रामः प्रत्युवाच हरिं प्रभुः4.11.82।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘ये हनुमान् आदि मेरे श्रेष्ठ सचिव मुझमें अनुराग रखने वाले हैं। इनके साथ रहकर भी मैं इस विशाल वन में वाली से उद्विग्न और शङ्कित होकर ही विचरता हूँ
Show English Translation
Having heard the great Sugriva, Rama replied with a gentle smile:
ShlokaShloka 78
यदि न प्रत्ययोऽस्मासु विक्रमे तव वानर। प्रत्ययं समरे श्लाघ्यमहमुत्पादयामि ते4.11.83।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘मित्रवत्सल! आप मुझे परम स्पृहणीय श्रेष्ठ मित्र मिल गये हैं। पुरुषसिंह! आप मेरे लिये हिमालय के समान हैं और मैं आपका आश्रय ले चुका हूँ। (इसलिये अब मुझे निर्भय हो जाना चाहिये)
Show English Translation
'If you have no confidence in my strength in fight, O monkey, I will create it in you so much so that you will admire it.'
ShlokaShloka 79
एवमुक्त्वा तु सुग्रीवं सान्त्वं लक्ष्मणपूर्वजः। राघवो दुन्दुभेः कायं पादाङ्गुष्ठेन लीलया4.11.84।। तोलयित्वा महाबाहुश्चिक्षेप दशयोजनम्। असुरस्य तनुं शुष्कं पादाङ्गुष्ठेन वीर्यवान्4.11.85।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘किंतु रघुनन्दन! मैं उस बलशाली दुष्ट भ्राता के बल-पराक्रमको जानता हूँ और समरभूमिमें आपका पराक्रम मैंने प्रत्यक्ष नहीं देखा है
Show English Translation
Rama,the mighty elder brother of Lakshmana, having said so to Sugriva in a pleasing manner, lifted the dried body of Dundubhi easily with his toe, shook it and flung it with ease to a distance of ten yojanas.
ShlokaShloka 80
क्षिप्तं दृष्ट्वा ततः कायं सुग्रीवः पुनरब्रवीत्। लक्ष्मणस्याग्रतो राममिदं वचनमर्थवत्4.11.86।।
हिन्दी अर्थ देखें
‘रघुनन्दन! निश्चय ही आपकी वाणी मेरे लिये प्रमाणभूत है—विश्वसनीय है; क्योंकि आपका धैर्य और आपकी यह दिव्य आकृति आदि गुण राख से ढकी हुई आग के समान आपके उत्कृष्ट तेज को सूचित कर रहे हैं’
Show English Translation
Having seen Rama flinging the body, Sugriva said to him again in the presence of Lakshmanameaningfully:
ShlokaShloka 81
आर्द्रस्समांसः प्रत्यग्रः क्षिप्तः कायः पुरा सखे4.11.87।। लघुस्सम्प्रति निर्मांस स्तृणभूतश्च राघव। परिश्रान्तेन मत्तेन भ्रात्रा मे वालिना तदा4.11.88।। क्षिप्तमेवं प्रहर्षेण भवता रघुनन्दन।
हिन्दी अर्थ देखें
‘रघुनन्दन! निश्चय ही आपकी वाणी मेरे लिये प्रमाणभूत है—विश्वसनीय है; क्योंकि आपका धैर्य और आपकी यह दिव्य आकृति आदि गुण राख से ढकी हुई आग के समान आपके उत्कृष्ट तेज को सूचित कर रहे हैं’
Show English Translation
'O friend, when Vali my brother flung the body, he was tired and intoxicated and the body was fresh with flesh (meaning heavy), but now, O Delight of the Raghu race, it is fleshless and light like a bunch of (dry) grass (for) which you could throw it playfully.
ShlokaShloka 82
नात्र शक्यं बलं ज्ञातुं तव वा तस्य वाऽधिकम्। आर्द्रं शुष्कमिति ह्येतत्सुमहद्राघवान्तरम्4.11.89।।
हिन्दी अर्थ देखें
महात्मा सुग्रीव की यह बात सुनकर भगवान् श्रीराम पहले तो मुसकराये। फिर उस वानर की बात का उत्तर देते हुए उससे बोले-
Show English Translation
'I was unable to gauge whether your strength is more than his (Vali's) since there is a great difference between a dry body and a wet one.
ShlokaShloka 83
स एव संशयस्तात तव तस्य च यद्बले4.11.90।। सालमेकं तु निर्भिद्या भवेद्व्यक्तिर्बलाबले।
Show English Translation
'O Dear, therefore, I have my doubt about your relative strength. If you can split a sala tree with a single arrow then can your strength or weakness be demonstrated.
ShlokaShloka 84
कृत्वेदं कार्मुकं सज्यं हस्तिहस्त मिवाततम्4.11.91।। आकर्णपूर्णमायम्य विसृजस्व महाशरम्।
हिन्दी अर्थ देखें
ऐसा कहकर सुग्रीव को सान्त्वना देते हुएलक्ष्मण के बड़े भाई महाबाहु बलवान् श्रीरघुनाथजी ने खिलवाड़ में ही दुन्दुभि के शरीर को अपने पैर के अंगूठे से टाँग लिया और उस असुर के उस सूखे हुए कङ्काल को पैर के अँगूठे से ही दस योजन दूर फेंक दिया
Show English Translation
'Now string your bow, draw it like the trunk of an elephant up to your ear and release the great arrow.
ShlokaShloka 85
इमं हि सालं सहित स्त्वया शरो न संशयोऽत्रास्ति विदारयिष्यति। अलं विमर्शेन मम प्रियं ध्रुवं कुरुष्व राजात्मज शापितो मया4.11.92।।
हिन्दी अर्थ देखें
ऐसा कहकर सुग्रीव को सान्त्वना देते हुएलक्ष्मण के बड़े भाई महाबाहु बलवान् श्रीरघुनाथजी ने खिलवाड़ में ही दुन्दुभि के शरीर को अपने पैर के अंगूठे से टाँग लिया और उस असुर के उस सूखे हुए कङ्काल को पैर के अँगूठे से ही दस योजन दूर फेंक दिया
Show English Translation
'It will be enough and my doubt will be cleared. If you can pierce the sala tree with your arrow it will be my pleasure and not a test of your strength.
ShlokaShloka 86
यथा हि तेजस्सु वरस्सदा रवि र्यथा हि शैलो हिमवान्महाद्रिषु। यथा चतुष्पात्सु च केसरी वर स्तथा नरणामसि विक्रमे वरः4.11.93।।
हिन्दी अर्थ देखें
उसके शररी को फेंका गया देख सुग्रीव ने लक्ष्मण और वानरों के सामने ही तपते हुए सूर्य के समान तेजस्वी वीर श्रीरामचन्द्रजी से पुनः यह अर्थ भरी बात कही—
Show English Translation
'Just as the Sun is the best among the brilliant, the Himalayas among the great mountains, the lion among the quadrupeds, so also you are the best among men of valour.' इत्यार्षे श्रीमद्रामायणे वाल्मीकीय आदिकाव्ये किष्किन्धाकाण्डे एकादशस्सर्गः।। Thus ends the eleventh sarga of Kishkindakanda of the Holy Ramayana, the first epic, composed by sage Valmiki.